मऊगंज ( कुंडेश्वर टाइम्स) मऊगंज जिले में गिरते भू-जल स्तर को देखते हुए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी संजय कुमार जैन ने मऊगंज जिले को तत्काल प्रभाव से “जल अभावग्रस्त क्षेत्र” घोषित कर दिया है। इस संबंध में कलेक्टर ने आदेश जारी कर दिया है। यह आदेश 15 जुलाई 2026 तक या वर्षा आरंभ की अवधि तक प्रभावी रहेगा। जारी आदेश के अनुसार सिंचाई और अन्य कार्यों के लिए अत्यधिक दोहन के कारण भू-गर्भ जल स्तर में तेजी से गिरावट आई है, जिससे आने वाले समय में पेयजल संकट की स्थिति बन सकती है। आम जनता को पीने का पानी सुलभ कराने के उद्देश्य से यह आदेश जारी किया गया है। जिले में अब कोई भी व्यक्ति या निजी ठेकेदार बिना पूर्व अनुमति के नया नलकूप नहीं खोद सकेगा। यह प्रतिबंध निजी खनन पर पूर्णतः लागू है, हालांकि सरकारी नलकूप खनन कार्य इससे मुक्त रहेंगे। नदी, नालों, स्टॉप डैम, सार्वजनिक कुओं और अन्य जल स्रोतों के पानी को केवल पेयजल और घरेलू उपयोग के लिए सुरक्षित किया गया है। किसी भी विशेष परिस्थिति में जल स्रोतों के अन्य उपयोग या खनन के लिए अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) से लिखित अनुमति लेना अनिवार्य होगा। कलेक्टर ने कहा है कि पेयजल संकट से निपटने के लिए संसाधनों का समान वितरण सुनिश्चित करना प्राथमिकता है। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
















